कीट

Article on other languages:

एक टिड्डा

कीट अर्थोपोडा संघ का एक प्रमुख वर्ग है. इसके 10 लाख से अधिक जातियों का नामकरण हो चुका है. पृथ्वी पर पाये जाने वाले सजीवों में आधे से अधिक कीट हैं.[१][२] ऐसा अनुमान लगाया गया है कि कीट वर्ग के 3 करोड़ प्राणी ऐसे हैं जिनको चिन्हित ही नहीं किया गया है अतः इस ग्रह पर जीवन के विभिन्न रूपों में कीट वर्ग का योगदान 90% है.[३] ये पृथ्वी पर सभी वातावरणों में पाए जाते हैं. सिर्फ समुद्रों में इनकी संख्या कुछ कम है. आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण कीट हैं: एपिस (मधुमक्खी) व बांबिक्स (रेशम कीट), लैसिफर (लाख कीट); रोग वाहक कीट, एनाफलीज, क्यूलेक्स तथा एडीज (मच्छर); यूथपीड़क टिड्डी (लोकस्टा); तथा जीवीत जीवाश्म लिमूलस (राज कर्कट किंग क्रेब) आदि.

संदर्भ

  1. Chapman, A. D. (2006)। Numbers of living species in Australia and the World, 60pp। ISBN 978-0-642-56850-2
  2. Threats to Global Biodiversity (Accessed December 2007
  3. Erwin, Terry L. (1982). "Tropical forests: their richness in Coleoptera and other arthropod species". Coleopt. Bull. 36: 74–75. 

This article is from Wikipedia. All text is available under the terms of the GNU Free Documentation License.